# आप जैसा कोई नहीं #…17

Great friends are …Hard to find,
Difficult to leave …Impossible to forget..

Retiredकलम

source:google.com

पिंकी  आज बहुत उदास थी, क्योकि आज उसकी माँ की बरखी थी | वह आज सुबह – सुबह माँ के फोटो के सामने एक दीप  जलाया  और कुछ फूल  रख  फूट फूटकर रोई |

आज फिर  उसे अपनी   पिछली बातें याद आ गई और बचपन की अपनी गलतियों को भी | जब वो ५  साल की थी और वो अपनी छोटी बहनों से बहुत झगडा करती थी और उनके लिए कोई ना कोई समस्या खड़ी कर देती |

इससे तंग आकर पिता जी  ने फैसला लिया था कि उसे अपने मामा के यहाँ जयपुर भेज दिया जाए ताकि वहाँ  ठीक से पढाई  हो सके और इसकी आदतों में सुधार आये |

वैसे माँ जाने नहीं देना चाहती थी, लेकिन पिता के जिद के आगे माँ की एक ना चली..|

उसे आज भी याद है ..माँ किस तरह उसके जाने के दिन फूट फूटकर कर रोई थी |

अब , कभी – कभी…

View original post 1,298 more words



Categories: Uncategorized

Leave a Reply

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out /  Change )

Google photo

You are commenting using your Google account. Log Out /  Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out /  Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out /  Change )

Connecting to %s

%d bloggers like this: