Uncategorized

# एक लघु कथा #

Originally posted on Retiredकलम:
https://retiredkalam.com/wp-content/uploads/2021/12/collages22.jpg लघु कथा फैक्ट्री में ड्यूटी का शिफ्ट समाप्त हो चूका था | राजेश को अपने अगले साथी को मशीन ?का चार्ज देते हुए रात के करीब साढ़े बारह बज चुके थे , हालाँकि राजेश की…

# दोहरी ज़िन्दगी #

Originally posted on Retiredकलम:
https://retiredkalam.com/wp-content/uploads/2021/12/img_20190715_100205.jpg6_.jpg कभी कभी इंसान ज़िन्दगी में दोहरी ज़िन्दगी जीता है | वैसे तो हर इंसान में अच्छाई और बुराई दोनों ही निहित होती है | परन्तु वह हमेशा अच्छा होने का ?दिखावा करने की कोशिश करता…

# कैसा सम्मान- कैसा अपमान #

Originally posted on Retiredकलम:
https://retiredkalam.com/wp-content/uploads/2021/12/color-line-sketch-meditating-monk-vector-illustration-vector-color-line-sketch-meditating-monk-102397625.jpg लोग सही कहते है कि अगर ज़िन्दगी में चैलेंज (challenge) नहीं तो ज़िन्दगी को जीने का मज़ा ही क्या? है | कुछ लोग जीवन में आने वाले अवरोधों को समस्या मान कर डर जाते है…

# मेरी यादें #

Originally posted on Retiredकलम:
https://retiredkalam.com/wp-content/uploads/2021/12/wp-1630650526122-1-2.jpg यादें बहुत तरह की होती है, कुछ अच्छी होती है जो दिल को सुकून देती है और कुछ यादें रातों की नींद? छीन लेती है ?| परन्तु यह सच है कि इंसान बिना यादों के…

# सेंटा क्लॉस #

Originally posted on Retiredकलम:
https://retiredkalam.com/wp-content/uploads/2021/12/camscanner-12-15-2020-12.12.54_17-1.jpg दोस्तों, दुनियाभर में हर साल 25 दिसंबर को?क्रिसमस?का त्योहार बड़े उत्साह के साथ मनाया जाता है। इस दिन क्या बच्चे और क्या बड़े सभी को अपने सेंटा क्लॉस (Santa Claus) से तोहफे मिलने का इंतजार…

# मेरी ज़िंदगी #

Originally posted on Retiredकलम:
https://retiredkalam.com/wp-content/uploads/2021/12/27993699_1695392293858699_4479192665035186947_o.jpg वैसे तो ज़िन्दगी से हर किसी ?को कुछ न कुछ शिकायत रहती है ,फिर भी ज़िन्दगी के मोह से बंधा रहता है | ? यह जो ज़िन्दगी है उसमे? मुसीबतें तो आती रहती है, ?लेकिन…

# सकारात्मक विचार #…16 ,,,

Originally posted on Retiredकलम:
https://retiredkalam.com/wp-content/uploads/2021/12/92485106_2996202267111022_4397099655498825728_n-1.jpg अजनबी शहर के अजनबी रास्ते, मेरी तन्हाई पर मुस्कुराते रहे,मैं बहुत देर तक यूं ही चलता रहा, तुम बहुत देर तक याद आते रहे | ज़हर मिलता रहा ज़हर पीते रहे, रोज़ मरते रहे रोज़…