Month: September 2020

# तलाश अपने सपनों की #….1

ख़ुशी ज़ल्दी में थी .. चली गई गम फुर्सत में थे ..ठहर गए , ठोकर लगी पर गिरे नहीं वक़्त रहते संभल गए , ढूंढता हूँ वो बीते हुए लम्हे न जाने वो किधर गए…… संदीप को घर बैठे पुरे… Read More ›

हर ब्लॉग कुछ कहता है –4

फेसबुक वाली फ्रेंड रिटायरमेंट के पहले दैनिक जीवन में बहुत सारे मित्र हुआ करते थे, चाहे वे सहकर्मी हो या और दुसरे लोग | दोस्तों का एक समूह होता है, जो हमारे जीवन में टॉनिक का काम करता  है |… Read More ›

हर ब्लॉग कुछ कहता है ….3

ज़रूरी नहीं कि हर समय जुवान पे भगवान का नाम याद आए,  वो लम्हा भी भक्ति का ही होता है जब इंसान – इंसान के काम आए.. गरीब कौन जाड़े की रात थी, मैं घर में बैठे अपने रूटीन के… Read More ›

# हर ब्लॉग कुछ कहता है #…2

मानवता जिंदा है आज मैं एक और ख़ुशी के समाचार से अवगत हुआ,  वैसे आज कल मैं कोरोना के कारण किसी भी न्यूज़ चैनल या न्यूज़ पेपर से दूर रहता हूँ, क्योंकि  इन सबों में डराने वाले समाचार ही ज्यादा… Read More ›

हर ब्लॉग कुछ कहता है …1

जीवन का मूलमंत्र मैं अभी अभी मोर्निंग- वाक से आया हूँ | सुबह के आठ बज रहे है और चाय का कप मेरे सामने है |     चाय की चुस्की लेते हुए मैं कुछ लिखने का प्रयास का रहा हूँ, जिसे… Read More ›

तेरी कुछ यादें..

लोग कहते है कि  ज़िन्दगी की किताब पढना आसान नहीं है ….. सही है… ज़िन्दगी कोई किताब नहीं है ज़नाब कि जो चाहे… जब चाहे… इसके पन्ने पलटे  और इसे पढ़ ले | ज़िन्दगी के कुछ पल और कुछ एहसास… Read More ›