#भावना

सुबह-सुबह की सैर में # 

दोस्तों, आज की सुबह मेरे लिए खास था | सुबह हो चुकी थी लेकिन मैं देर तक सो रहा था क्योंकि रात मे देर से बिस्तर पर गया था | अचानक हमारे कमरे की खिड़की पर बहुत सारे कबूतर आ… Read More ›

# प्रेम की परिभाषा # 

दोस्तों , एक सप्ताह पहले मुझे कोलकाता के मिलेनियम पार्क (Millenium Park) में जाने का मौका मिला | दरअसल,  हमारे एक पुराने मित्र मुंबई से कोलकाता आए हुए थे और पास के ही एक होटल में ठहरे हुए थे |… Read More ›

#मुर्ख कौन ? 

दोस्तों, आज कल हम बिहार दिवस पखवारा मना रहे है | हमारे मन में विचार आया कि आज एक लोक कथा  की चर्चा की जाए | मुझे अपनी बचपन की याद आ रही  है जब  ऐसी लोक कथाएं  मेरी माँ… Read More ›

#पुनर्जन्म की घटना # -2 

सचमुच पांच साल की बच्ची शांति के द्वारा कही गयी पिछले जनम की बातें सुन कर सभी लोग हैरान थे , लेकिन सब कुछ सच लगते हुए भी विश्वास करना कठिन हो रहा था | रंग बहादुर की मुसीबतें बढती… Read More ›

पुनर्जन्म की घटना # -1 

आज के वैज्ञानिक युग में पुनर्जन्मों की  बात करना वैसे तो बेमानी समझा जाता है, लेकिन कभी – कभी पुनर्जन्मों की खबरे समाचार के माध्यम से आती रहती है और हमलोग के लिए यह कौतुहल का विषय होता है कि… Read More ›

#बुढ़ापे की सोच# 

बुढ़ापे से कोई नहीं बचा है | जो आज बूढ़े है वो कल जवान थे  और जो आज जवान है उनको  कल बूढ़ा होना है | यह सार्वजनिक सत्य है कि जवानी वो होती है जो जा कर  नहीं आती… Read More ›

एक घर की कहानी

माँ, वह अद्वितीय भाव है जिसे शब्दों में पकड़ा नहीं जा सकता। माँ, वह स्वर्गीय संगीत है जो हमारे दिल को स्पर्श करता है। वह अपने बच्चों को स्नेहपूर्ण दुलार से पालती है, वह अपने बच्चों के प्रति हर तरह… Read More ›

# मेरी पहचान # 

मैं अपनी पहचान ढूंढ रहा हूँ | मेरी पह्चान क्या है — जब हम माँ की कोख में थे तो पूरी दुनिया हमें हमारी माँ के मध्यम से जान पाती थी | जब हम धरती पर पहला कदम रखते है… Read More ›

#कोलकाता की यादें# 

बात उन दिनों की है जब मुझे पहली बार कोलकाता में पोस्टिंग  मिली थी | साल २००४ में मैं कोलकाता के एक शाखा में ज्वाइन किया था | मुझे मेट्रो शहर में रहने का कोई अनुभव नहीं था, इसलिए मैं घबरा रहा था | लेकिन  संयोग से… Read More ›