#जीवन

# तुम ही हो मेरी ज़िंदगी #

इस कविता में लेखक ने अपने प्रेम की गहराई और निष्ठा को दिखाया है। वह अपनी प्रिया के बिना जीने की मजबूरी को सहता है, लेकिन उसके दिल में उसके लिए एक जगह बनाए रखता है। वह अपनी प्रिया को… Read More ›

# चलो दोस्त आज मुसकुराते है #

लोग कहते है कि हमारा व्यक्तित्व वैसा ही होता है जैसी हमारी  भावना होती है | ये  भावना ही है जो हमारा बात – व्यवहार निश्चित करती है | सच तो यह है कि भावनाओं के बिना ज़िंदगी ही अधूरी है |… Read More ›

# वो सुनहरी यादें # 

दोस्तों , बात उन दिनों की है, जिस दिन मैं  बैंक से रिटायर हो रहा था | ऐसा लगा था जैसे अब ज़िंदगी खत्म । मैं बहुत नर्वस महसूस कर रहा था | फिर मैंने यह सोच कर दिल को… Read More ›

# खुश रहने के दस सूत्र # 

मैं कुछ दिनों से महसूस कर रहा था कि बात बात पर मुझे गुस्सा आ रहा है / मैंने  यह जानने की  कोशिश कि ऐसा क्यों हो रहा है ? तो मुझे ये एहसास हुआ कि इसका मुख्य कारण है,… Read More ›

# मुस्कुराने की कीमत # 

तू रूठा – रूठा सा लगता है,कोई तरकीब बता मनाने की,मैं ज़िन्दगी गिरवी रख दूंगा,तू क़ीमत बता मुस्कुराने की. प्रकृत्ति के ऐसे तीन अटूट नियम जो सार्वजनिक सत्य है | इसे झुठलाया नहीं जा सकता है। प्रकृत्ति का पहला नियम :… Read More ›

# जज साहब की पिटाई # 

कभी कभी कुछ ऐसी घटनाओं के बारे में पढने और सुनने को मिलती है, जिस पर अनायास विश्वास करना मुश्किल हो जाता है, लेकिन जो घटना सच में घटी है उस पर विश्वास करना ही पड़ता है | कुछ दिनों… Read More ›

# मेरी आवाज़ सुनो #

मैं दशरथ हूँ | मेरा एक भरा पूरा परिवार है | मेरे चार बेटे है | राम, लक्ष्मण भारत और शत्रुघ्न | मैं एक कंपनी में नौकरी करता था और अब रिटायर हो कर घर परिवार के साथ जीवन व्यतीत… Read More ›