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# एक अधूरी प्रेम कहानी #..20

आपके है कौन ? आज सुबह जब रामवती की नींद खुली तो मन बड़ा उदास लग रहा था | किचन में जाकर राजू के लिए दूध बना रही थी और  सोच रही थी … रात में सुमन के द्वारा की… Read More ›

# एक अधूरी प्रेम कहानी #..19

अब क्या होगा सुमन पलट कर देखी तो पहचान ही नहीं पायी | वह आश्चर्य से रघु की ओर देख कर बोली ….अरे रघु , तुम हो ?… तुम तो बिलकुल ही पहचान में नहीं आ रहे हो |  … Read More ›

# एक अधूरी प्रेम कहानी #..17

ज़िन्दगी की उलझनों ने किस कदर उलझा दिया कहीं दूर तक मंजिल नहीं …जाने कहाँ पहुँचा दिया अब नहीं बाकी किसी से कोई भी …उम्मीदे ए वफ़ा अपनों ही ने हर कदम जितना हुआ …धोखा दिया   मन की उलझन… Read More ›

# एक अधूरी प्रेम कहानी #..16

तुम बिन जाऊं कहाँ रामवती के मन में एक द्वंद चल रहा था…उसकी आँखे कह रही थी कि इस तस्वीर में “रघु” ही है | लेकिन दिल मानने को तैयार ही नहीं था | वो सोचने लगी….भगवान् उसके साथ इतना… Read More ›

# एक अधूरी प्रेम कहानी #..15

हम अपने ज़ख़्म … तुमको दिखा नहीं सकते जो शिकवा तुम से है… औरों को सुना नहीं सकते, मेरे  ख़याल की गहराई को ज़रा  तुम समझो कि सिर्फ़ लफ़्ज़ तो …मतलब बता नहीं सकते मलाल ये है कि साक़ी तो… Read More ›

# एक अधूरी प्रेम कहानी #….14

मुझे हैरत है मुहब्बत पर मेरी….. ये कैसा मुकाम मेरी ज़िन्दगी में आया लाकर खड़ा कर दिया दिल ने ऐसे दोराहे पर.. ना आगे बढ़ सका ना पीछे जा पाया … दोराहे पर खड़ी ज़िन्दगी सुमन की बात सुनकर रामवती… Read More ›

# एक अधूरी प्रेम कहानी #..13

वो कौन थी आज एक बहुत अच्छी बात हुई | कल के ब्लॉग पर मुझे बहुत सारे कमेंट्स मिलें | उसमे एक कमेंट्स तो ऐसा था कि  मैं बस पढ़ कर  मुस्कुरा दिया | एक मेरा  प्यारा  दोस्त  ने  पूछा… Read More ›

# एक अधूरी प्रेम कहानी #..12

तुम बिन ज़िन्दगी आज सुबह उठा तो मन एक दम ताज़ा लग रहा था | कल का दिन ख़ुशी से जो बिता और रात में नींद भी मस्त आयी | मैं हाथ जोड़ कर भगवान् को प्रणाम किया और बिस्तर… Read More ›

# एक अधूरी प्रेम कहानी #..11

तेरा साथ है तो सिलसिला ये चाहत का दोनों तरफ से था , वो मेरी जान चाहती थी और मैं जान से ज्यादा उसे…. सुमन खाना खा कर बिस्तर पर लेट गई लेकिन उसे नींद नहीं आ रही थी |… Read More ›