kavita

# टीचर्स डे मनाते है #

शिक्षकों के सम्मान में, डॉ. एस. राधाकृष्णन ने ठीक ही कहा था,– ‘मेरा जन्मदिन मनाने के बजाय, यह मेरे लिए गर्व की बात होगी कि 5 सितंबर को शिक्षक दिवस के रूप में मनाया जाए। आज टीचर्स day है और… Read More ›

# चाय पर चर्चा #

कभी कभी ज़िन्दगी  ऐसे मोड़ पर लाकर खड़ी कर देती है जब अपने पास समय भी होता है, पैसे भी होते है , पर साथ बैठ कर चाय पिने वाला कोई नहीं होता है | आज लोगों के पास इतनी… Read More ›

# एक वादा #

लोग कहते है कि जीवन जीना कठिन है , परन्तु मैं कहता हूँ कि जीवन अपने मुताबित जी पाना कठिन है | हर बात आपकी इच्छा के अनुसार नहीं हो सकती | आप हर कुछ और हर किसी को पा… Read More ›

# खुशियों  से अनबन #

अमूमन देखा जाता है कि हम जिससे बहुत ज्यादा प्रेम करते है उससे  हमेशा  नोक झोंक होती रहती है |  लेकिन कई बार ये अनबन इतनी बढ़ जाती है कि रिश्ते बिगड़ने लगते हैं। मतलब छोटी सी बात से शुरू… Read More ›

# तुझसे मिलवाता हूँ #

हमें अक्सर ऐसा लगता है कि खुश रहने के लिए कुछ ख़ास परिस्थितियाँ होनी चाहिए | हमारी मनचाही परिस्थितियों और  मौजूदा परिस्थितियों के बीच  का अंतर ही यह तय करता है कि हम खुश है या दुखी | यह बहुत… Read More ›

# चुपके – चुपके #

प्यार एक एहसास है । जो दिमाग से नहीं दिल से होता है | प्यार में  अनेक भावनाओं और विचारो का समावेश होता है !, प्रेम हमें  स्नेह से लेकर खुशी की ओर धीरे – धीरे अग्रसर करता है । ये… Read More ›

# सुकून की तलाश #

दोस्तों, हर इंसान इस भाग – दौड़ भरी ज़िन्दगी में सुकून के पल चाहता है | पल दो पल के सुकून के लिए  कहाँ – कहाँ भटकता रहता है, तभी एक दिन उसे एहसास होता है कि जिस सुकून को… Read More ›

# जिद करना ज़रूरी है #..

दोस्तों , यह सही कहा गया है कि अगर सिद्दत से किसी काम को किया जाए तो सफलता  मिलना लगभग तय  है | लेकिन उस काम के प्रति  दिल में जुनून होना चाहिए | या यूँ कहे कि उस काम… Read More ›

# जीवन का ज़श्न #

अब वक्त आ गया है  कि हम दूसरों को अपनी नाकामी के लिए दोषी ठहराना बंद कर दें |  आखिर हम वैसा जीवन क्यों नहीं जी पा रहे जैसा हम  चाहते हैं। ऐ मेरे दिल, आज से ही अपनी पूरी… Read More ›

# मेरी अच्छी दोस्त #

अब मैं ने तय किया है कि आत्मा को स्वच्छ रखना है | हमारे अन्दर जो वर्षों से गन्दगी  जमी हुई है उसे हटाना है, क्योंकि आत्मा में परमात्मा का अंश रहता है । कभी – कभी  हम अपनी भावनाओं… Read More ›