# कुछ अपने बारे में #

words have the power to both destroy and heal .
when words are both true and kind, they can change our world.

Retiredकलम

अब मैं अपनी क्या तारीफ करूं, मुझे तो अलफ़ाज़ ही नहीं मिलते है | लेकिन मेरे दोस्त हमेशा कहते है कि मैं अपने बारे में भी लिखूँ |

अतः अपने दोस्तों के निर्देश का पालन करते हुए आज मैं अपने बारे में कुछ लिखने का प्रयास कर रहा हूँ |

मैं विजय वर्मा, दो बच्चों का पिता हूँ, एक बीबी का पति हूँ और आप सब लोगों में से अधिकतर का दोस्त हूँ | किसी का दुश्मन भी हो सकता हूँ, लेकिन किसका, मुझे पता नहीं |

मैं बिहारी हूँ, थोडा जिद्दी हूँ, अगर कोई चीज़ मुझे एक नजर में पसंद आ गयी तो फिर समझो वो चीज़ मेरी l

मैंने Agriculture graduate हूँ , लेकिन सारी ज़िन्दगी बैंकिंग की है | अब मैं SBI से रिटायर कर चूका हूँ और मैंने अपने पुराने शौक को फिर से जिंदा किया है | आज कल उन्हीं शौक का आनंद ले रह…

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Categories: Uncategorized

8 replies

  1. Por isso amo as palavras 😍

    Liked by 1 person

  2. Nicely written, Verma ji. Read for the first time “मैं बिहारी हूँ, थोडा जिद्दी हूँ, ” in any selfpost. Straightforward indeed.
    Wish you get more love n affection from others tooNicely written, Verma ji. Read for the first time “मैं बिहारी हूँ, थोडा जिद्दी हूँ, ” in any selfpost. Straightforward indeed.
    Wish you get more love n affection from others too🌹💐

    Liked by 1 person

  3. I am very happy to know that you like my straightforwardness .
    Thanks for your beautiful comments . It will be a part of my testimonial .
    Thank you verry much dear.

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