# तुम्हारा इंतज़ार है # ….8

मुझे मालूम था कि  लौट के अकेले ही आना है फिर भी तेरे साथ चार कदम चलना अच्छा लगा अनामिका को राजीव कल करीब दो सालों के बाद अचानक जमशेदपुर के उस मॉल में मिला था | उसे देख कर … Continue reading # तुम्हारा इंतज़ार है # ….8