स्वस्थ रहना ज़रूरी है ….2

अच्छी सेहत का अर्थ है कि हम शारीरिक और मानसिक रूप से सेहतमंद है | हर कोई चाहता है स्वस्थ रहना क्योकि अच्छी सेहत किसी भी व्यक्ति के जीवन को व्यवस्थित रखती है |

आप  स्वयं  स्वस्थ रहेंगे तभी भौतिक वस्तुओं का उपभोग कर सकेंगे और ज़िन्दगी को आनंद के साथ जी सकेंगे |

जितना ज़रूरी अच्छी सेहत की आवश्यकता को जानना है उससे ज्यादा ज़रूरी है कि हम अपने को “स्वस्थ कैसे रख सकते है” | आइये कुछ बातों पर गौर करें जिसे अपना कर हम अपने जीवन को स्वस्थ और खुशहाल रख सकते है |

  • १. अच्छे स्वास्थ  के लिए सबसे आवश्यक है… रोज़ सुबह आप कम से कम ३० मिनट का नियमित व्यायाम करें, साथ साथ टहलना और थोड़ी योगा पर भी समय दे..

ऐसा करने से हम अपने को बहुत से शारीरिक समस्या से  दूर रह सकते है |

2. वैसे तो हर उम्र की अपनी समस्याएं होती है | लेकिन ४० वर्ष पश्चात् नियमित जांच साल में एक बार अवश्य कराएँ ताकि कोई भी बीमारी का प्रारंभिक अवस्था में ही पता लगाया जा सके  और उसका उचित इलाज किया जा सके |

 3. शुद्ध और पौष्टिक भोजन बहुत ज़रूरी है | इसके अलावा फल, सब्जी, दूध और  दही, का सेवन करे |

4. सुबह के कामो की आपाधापी में सुबह के नाश्ता को इगनोरे नहीं करे,  समय पर और संतुलित नाश्ता लें |

5. कोई बीमारी पता लगने पर तनाव लेने की बजाये नियमित दवाई ले, डॉक्टर के निर्देश का पालन करे  | मन को मजबूत बनायें व बीमारी को अपने पर हावी होने ना  दें |

6. तनाव लेना छोड़े | छोटी छोटी बातों पर तनाव लेने से बचें…चाहे नौकरी की समस्या हो या आर्थिक या फिर शारीरिक  …सबका कोई ना कोई हल है | समस्या सामने आने पर तनाव लेने के बजाए  समाधान ढूंढ कर उससे निपटने में अपनी उर्जा लगायें |

7. किसी भी तरह के दर्द या परेशानी को झेलते हुए सहनशीलता की मिसाल बनने की बजाए उसका डॉक्टर से निदान करवाएं |

8. अपनी भावनाओं को अपनों के साथ शेयर  करें | अगर कोई नहीं मिलता तो अपनी पर्सनल डायरी में लिख कर अभिव्यक्त करे | आप अपने को हल्का और प्रसन्न महसूस करेंगे |

9. दिमाग को शांत व चित को प्रसन्न रखने का प्रयास करें | इसके लिए मैडिटेशन और योगा को अपनाएँ |

10. मन को हमेशा सकारात्मक सोच व प्रसन्नता से भरा रखे तभी शारीर पूर्ण स्वस्थ रहेगा और दिमाग में व्यर्थ के नकारात्मक विचारों को न आने दें |

11. हर पल अपने आप को एक सन्देश देते रहें…. “मैं बिलकुल ठीक हूँ , मैं सब कुछ कर सकता हूँ, सब अच्छा होगा | आप सुबह सुबह affirmation और visualization का प्रैक्टिस करें |

12. नशीले पदार्थ का सेवन बिलकुल ना करें | और ऐसी कोई ऐसी आदत है तो धीरे धीरे कम करने का प्रयास करें |

12. सब कुछ ठीक होने पर भी कभी कभी स्वास्थ में विकार आ जाये तो परेशान, निराश, उदास नहीं होना चाहिए और ना ही हमेशा उसी के बारे में सोचना चाहिए बल्कि उसे जीवन का एक पड़ाव व हिस्सा मान  सहजता से स्वीकार करना चाहिए |

इसके आलावा भी आयुर्वेद के अनुसार बहुत सी खाने की चीज़ हमारे आस पास मौजूद है जिसको अपनी दिनचर्या में उपयोग कर हम अपने शारीर को निरोगी रख सकते है ..

*आंवला*

किसी भी रूप में थोड़ा सा

आंवला हर रोज़ खाते रहे,

जीवन भर उच्च रक्तचाप

और हार्ट फेल नहीं होगा।

*मेथी *

मेथीदाना पीसकर रख ले।

एक चम्मच एक गिलास

पानी में उबाल कर नित्य पिए।

मीठा, नमक कुछ भी नहीं डाले।

इस से आंव नहीं बनेगी,

शुगर कंट्रोल रहेगी और

जोड़ो के दर्द नहीं होंगे

और पेट ठीक रहेगा।

 *नेत्र स्नान*

मुंह में पानी का कुल्ला भर कर

नेत्र धोये।

ऐसा दिन में तीन बार करे।

जब भी पानी के पास जाए

मुंह में पानी का कुल्ला भर ले

और नेत्रों पर पानी के छींटे मारे, धोये।

मुंह का पानी एक मिनट बाद

निकाल कर पुन: कुल्ला भर ले।

मुंह का पानी गर्म ना हो इसलिए

बार बार कुल्ला नया भरते रहे।

भोजन करने के बाद गीले हाथ

तौलिये से नहीं पोंछे।

आपस में दोनों हाथो को रगड़ कर

चेहरा व कानो तक मले।

इससे आरोग्य शक्ति बढ़ती हैं।

नेत्र ज्योति ठीक रहती हैं।

 *शौच*

ऐसी आदत डाले के नित्य

शौच जाते समय दाँतो को

आपस में भींच कर रखे।

इस से दांत मज़बूत रहेंगे,

तथा लकवा नहीं होगा।

 *छाछ*

तेज और ओज बढ़ने के लिए

छाछ का निरंतर सेवन

बहुत हितकर हैं।

सुबह और दोपहर के भोजन में

नित्य छाछ का सेवन करे।

भोजन में पानी के स्थान पर

छाछ का उपयोग बहुत हितकर हैं।

*सरसों तेल*

सर्दियों में हल्का गर्म सरसों तेल

और गर्मियों में ठंडा सरसों तेल

तीन बूँद दोनों कान में

कभी कभी डालते रहे।

इस से कान स्वस्थ रहेंगे।

 *निद्रा*

दिन में जब भी विश्राम करे तो

दाहिनी करवट ले कर सोएं। और

रात में बायीं करवट ले कर सोये।

दाहिनी करवट लेने से बायां स्वर

अर्थात चन्द्र नाड़ी चलेगी, और

बायीं करवट लेने से दाहिना स्वर

अर्थात सूर्य स्वर चलेगा।

*ताम्बे का पानी*

रात को ताम्बे के बर्तन में

रखा पानी सुबह उठते बिना

कुल्ला किये ही पिए,

निरंतर ऐसा करने से आप

कई रोगो से बचे रहेंगे।

ताम्बे के बर्तन में रखा जल

गंगा जल से भी अधिक

शक्तिशाली माना गया हैं।

*सौंठ*

सामान्य बुखार, फ्लू, जुकाम

और कफ से बचने के लिए

पीसी हुयी आधा चम्मच सौंठ

और ज़रा सा गुड एक गिलास पानी में

इतना उबाले के आधा पानी रह जाए।

रात को सोने से पहले यह पिए।

बदलते मौसम, सर्दी व वर्षा के

आरम्भ में यह पीना रोगो से बचाता हैं।

सौंठ नहीं हो तो अदरक का

इस्तेमाल कीजिये

*टाइफाइड*

चुटकी भर दालचीनी की फंकी

चाहे अकेले ही चाहे शहद के साथ

दिन में दो बार लेने से

टाइफाईड नहीं होता।

*ध्यान*

हर रोज़ कम से कम 15 से 20

मिनट मैडिटेशन ज़रूर करे।

 *नाक*

रात को सोते समय नित्य

सरसों का तेल नाक में लगाये।

हर तीसरे दिन दो कली लहसुन

रात को भोजन के साथ ले।

प्रात: दस तुलसी के पत्ते और

पांच काली मिर्च नित्य चबाये।

सर्दी, बुखार, श्वांस रोग नहीं होगा।

नाक स्वस्थ रहेगी।

*मालिश*

स्नान करने से आधा घंटा पहले

सर के ऊपरी हिस्से में

सरसों के तेल से मालिश करे।

इस से सर हल्का रहेगा,

मस्तिष्क ताज़ा रहेगा।

रात को सोने से पहले

पैर के तलवो, नाभि,

कान के पीछे और

गर्दन पर सरसों के तेल की

मालिश कर के सोएं।

निद्रा अच्छी आएगी,

मानसिक तनाव दूर होगा।

त्वचा मुलायम रहेगी।

सप्ताह में एक दिन पूरे शरीर में

मालिश ज़रूर करे।

 *योग और प्राणायाम*

नित्य कम से कम आधा घंटा

योग और प्राणायाम का

अभ्यास ज़रूर करे।

*हरड़*

हर रोज़ एक छोटी हरड़

भोजन के बाद दाँतो तले रखे

और इसका रस धीरे धीरे

पेट में जाने दे।

जब काफी देर बाद ये हरड़

बिलकुल नरम पड़ जाए

तो चबा चबा कर निगल ले।

इस से आपके बाल कभी

सफ़ेद नहीं होंगे,

दांत 100 वर्ष तक निरोगी रहेंगे

और पेट के रोग नहीं होंगे।

 *सुबह की सैर*

सुबह सूर्य निकलने से पहले

पार्क या हरियाली वाली जगह पर

सैर करना सम्पूर्ण स्वस्थ्य के लिए

बहुत लाभदायक हैं।

इस समय हवा में प्राणवायु का

बहुत संचार रहता हैं।

जिसके सेवन से हमारा पूरा शरीर

रोग मुक्त रहता हैं और हमारी

रोग प्रतिरोधक शक्ति बढ़ती हैं।

 घी खाये मांस बढ़े,

अलसी खाये खोपड़ी,

दूध पिये शक्ति बढ़े,

भुला दे सबकी हेकड़ी।

तेल तड़का छोड़ कर

नित घूमन को जाय,

मधुमेह का नाश हो

जो जन अलसी खा |

इन सब बताये गए नियमों का पालन कर हम अपने शारीर और मन दोनों को स्वस्थ रख सकते है |

आप स्वस्थ रहे , प्रसन्नचित रहे , ऐसी कामना करता हूँ |

इससे पहले का ब्लॉग  हेतु नीचे link पर click करे..

https://wp.me/pbyD2R-88

BE HAPPY….BE ACTIVE….BE FOCUSED….BE ALIVE…

If you enjoyed this post, please like, follow, share and comments

Please follow the blog on social media …link are on contact us page..

www.retiredkalam.com

11 thoughts on “स्वस्थ रहना ज़रूरी है ….2

        1. आप को बहुत बहुत आशीष / आपने मेरे ब्लॉग के लिए अपना समय दिया , धन्यवाद /

          Like

    1. Thank you dear ..we all know all these things but it is necessary to remind in time
      to get benefit and keep fit. it is my endeavor to keep giving health related information..
      stay connected and stay happy…JAI MATA DI..

      Like

Leave a Reply

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out /  Change )

Google photo

You are commenting using your Google account. Log Out /  Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out /  Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out /  Change )

Connecting to %s